चरणपरीक्षाअंकप्रकृति
IPreliminary Examination150Objective/MCQ
IIGeneral Hindi100Qualifying
IIGS Paper-I300Descriptive
IIGS Paper-II300Descriptive
IIEssay300Descriptive
IIOptional Subject100Objective/MCQ, Qualifying
IIIInterview120Personality Test
Final MeritGS-I + GS-II + Essay + Interview1020—

वर्तमान pattern में मुख्य लिखित merit के 900 अंक होते हैं और Interview के 120 अंक। इसलिए अंतिम merit 1020 अंकों पर बनती है।

विशेषताविवरण
प्रश्नपत्रसामान्य अध्ययन (General Studies)
प्रश्न150
कुल अंक150
समय2 घंटे
प्रश्नObjective MCQ
Negative Marking1/3 अंक
Final Merit में अंकनहीं
माध्यमहिंदी एवं English

72वीं CCE में प्रश्नों के A, B, C, D के साथ E विकल्प का नियम लागू किया गया है। यदि अभ्यर्थी प्रश्न नहीं करना चाहता है तो E भरना होगा; प्रश्न को पूरी तरह खाली छोड़ने पर भी 1/3 अंक की कटौती हो सकती है।

BPSC Mains Examination

General Hindi — 100 अंक

यह qualifying paper है। इसमें कम-से-कम 30% अंक प्राप्त करना आवश्यक है।

प्रचलित syllabus distribution इस प्रकार है:

इसका स्तर सामान्यतः बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के माध्यमिक स्तर के आसपास रखा जाता है।

हिंदी grammar में संधि, समास, उपसर्ग-प्रत्यय, पर्यायवाची, विलोम, मुहावरे, लोकोक्तियाँ, शुद्ध-अशुद्ध, वाक्य-संशोधन आदि तैयार करने चाहिए।

 GS Paper-I — 300 अंक

BPSC का GS-I मूलतः तीन बड़े हिस्सों में विभाजित है:

क्षेत्रमुख्य विषय
आधुनिक इतिहास एवं संस्कृतिभारत + विशेष रूप से बिहार
Current Affairsराष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय
StatisticsStatistical Analysis, Graphs, Diagrams

GS-I में Modern History

  • यहाँ लगभग 19वीं शताब्दी के मध्य से आधुनिक भारत पर विशेष जोर रहता है।
  • बिहार में पश्चिमी शिक्षा का विकास, तकनीकी शिक्षा, 1857 में बिहार, संथाल विद्रोह, बिरसा आंदोलन, चम्पारण सत्याग्रह और 1942 के भारत छोड़ो आंदोलन की भूमिका syllabus में विशेष रूप से उल्लेखित है।

·        प्रमुख व्यक्तित्व :- महात्मा गांधी, रवीन्द्रनाथ टैगोर और जवाहरलाल नेहरू से संबंधित विचार एवं योगदान भी syllabus का अंग हैं।

GS-I में Art & Culture

  • यहाँ बिहार को विशेष महत्व मिलता है।
  • मौर्य कला, अशोककालीन कला, पाला कला और पटना कलम/PATNA QALAM Painting विशेष रूप से महत्वपूर्ण हैं।
  • इसके साथ नालंदा-विक्रमशिला, बिहार की लोककला, मधुबनी चित्रकला, लोक संस्कृति आदि को भी तैयारी में जोड़ना उपयोगी है।

GS-I में Current Affairs

  • यह सिर्फ factual current affairs नहीं है।
  • Mains में घटना का कारण + प्रभाव + चुनौतियाँ + बिहार/भारत पर प्रभाव + समाधान लिखने की क्षमता अपेक्षित होती है।
  • इसलिए भारत की अर्थव्यवस्था, शासन, सामाजिक मुद्दे, पर्यावरण, विज्ञान-तकनीक और अंतरराष्ट्रीय घटनाओं को analytical तरीके से पढ़ना चाहिए।

Statistics, Graphs and Diagrams

  • यह BPSC Mains की खास विशेषता है।
  • अभ्यर्थी को दिए गए statistical, graphical या diagrammatic data से तार्किक निष्कर्ष निकालना, उसकी कमियाँ, limitations या inconsistencies पहचानना आना चाहिए।
  • Bar Graph, Pie Chart, Line Graph, Table, Percentage, Ratio, Average और trend analysis का अभ्यास आवश्यक है।

 GS Paper-II — 300 अंक

क्षेत्रविषय
IIndian Polity
IIIndian Economy + Geography
IIIScience & Technology का विकास में प्रभाव

बिहार को इन तीनों क्षेत्रों में integrated रूप से शामिल किया जाता है।

GS-II : Indian Polity

  • संविधान की विशेषताएँ, प्रस्तावना, FR, DPSP, Fundamental Duties, संसद, कार्यपालिका, न्यायपालिका, संघवाद, केंद्र-राज्य संबंध, राज्यपाल, चुनाव, स्थानीय शासन, constitutional bodies और governance पढ़ना चाहिए।

Bihar Focus

  • राज्यपाल–राज्य सरकार संबंध, बिहार विधानमंडल, पंचायती राज, नगर निकाय, प्रशासनिक सुधार, स्थानीय वित्त, सामाजिक न्याय और Bihar governance को national concepts से जोड़कर तैयार करें।

GS-II : Indian Economy

  • आर्थिक नियोजन, आर्थिक वृद्धि एवं विकास, गरीबी, बेरोजगारी, inflation, कृषि, उद्योग, banking, वित्तीय प्रणाली, आर्थिक सुधार, inclusive growth और infrastructure महत्वपूर्ण हैं।
  • BPSC syllabus विशेष रूप से India की planning तथा India और Bihar के आर्थिक आयामों को शामिल करता है।

Bihar Economy

  • यहाँ Bihar Economic Survey + Bihar Budget बहुत महत्वपूर्ण स्रोत हैं।
  • कृषि, रोजगार, migration, औद्योगिकीकरण, infrastructure, human development, शिक्षा, स्वास्थ्य, गरीबी और राज्य की विकास योजनाओं पर analytical answers तैयार होने चाहिए।

GS-II : Geography

  • भारत और बिहार का Physical + Economic + Social Geography syllabus का हिस्सा है।
  • मानसून, हिमालय, नदी व्यवस्था, प्राकृतिक संसाधन, कृषि, जल संसाधन, जनसंख्या, urbanisation तथा disaster-related geography महत्वपूर्ण है।

·        Bihar में :- बाढ़, कोसी समस्या, groundwater, नदी जोड़, कृषि भूमि, population density, urbanisation तथा climate vulnerability को विशेष रूप से तैयार करना चाहिए।

Science & Technology

  • इसमें केवल वैज्ञानिक facts नहीं, बल्कि Applied Science अधिक महत्वपूर्ण है। BPSC syllabus भी applied aspects पर जोर देता है।
  • Space technology, IT, AI, Biotechnology, health technology, agriculture technology, renewable energy, nuclear technology, defence technology, Digital Governance और Bihar के विकास में technology की भूमिका महत्वपूर्ण क्षेत्र हैं।
  • उदाहरण: बाढ़ पूर्वानुमान में satellite, कृषि में drone, e-governance, telemedicine, AI और renewable energy।
  • यह वर्तमान BPSC Mains में rank deciding paper है।
  • हाल के BPSC CCE papers में 300 अंकों का Essay paper तीन sections में रहा है और प्रत्येक section से एक निबंध लिखा जाता है। प्रत्येक निबंध लगभग 700–800 शब्द तथा 100 अंक का रहा है।
  • Topics में सामाजिक, आर्थिक, राजनीतिक, प्रशासनिक, पर्यावरणीय, विज्ञान-तकनीक, दार्शनिक तथा बिहार संबंधी मुद्दे आते हैं।
  • विशेष रूप से तीसरे खंड में बिहार की क्षेत्रीय कहावतों/लोकोक्तियों पर निबंध हाल के papers की महत्वपूर्ण विशेषता रही है।

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