मुख्य विषय (Master Topic)संबंधित कक्षाएँ/अध्याय
राज्य, सरकार एवं शासन6/10, 7/9 व 18, 11/कार्यपालिका
लोकतंत्र6/10, 7/9, 9/6, 10/5
संविधान एवं निर्माण7/10, 11/संविधान अध्याय 1, 9, 10
प्रस्तावना एवं संवैधानिक मूल्य7/10, 8/12, 11/1 व 10
मौलिक अधिकार8/12, 11/संविधान अध्याय 2
स्वतंत्रता11/राजनीतिक सिद्धांत अध्याय 2
समानता10/3, 11/राजनीतिक सिद्धांत अध्याय 3
सामाजिक न्याय10/3, 11/राजनीतिक सिद्धांत अध्याय 4, 12/भारतीय राजनीति अध्याय 8
नागरिकता एवं कर्तव्य8/12, 11/राजनीतिक सिद्धांत अध्याय 6
निर्वाचन व्यवस्था8/5, 9/7, 11/संविधान अध्याय 3
संसद एवं विधायिका8/6, 11/संविधान अध्याय 5
कार्यपालिका7/18, 8/6, 11/संविधान अध्याय 4
न्यायपालिका8/11, 11/संविधान अध्याय 6
संघवाद10/2, 11/संविधान अध्याय 7
पंचायती राज6/11, 11/संविधान अध्याय 8
शहरी स्थानीय शासन6/12, 11/संविधान अध्याय 8
राजनीतिक दल10/4, 12/भारतीय राजनीति अध्याय 2, 5, 8
धर्मनिरपेक्षता10/3, 11/राजनीतिक सिद्धांत अध्याय 8
राष्ट्रवाद11/राजनीतिक सिद्धांत अध्याय 7, 12/भारतीय राजनीति अध्याय 1
भारतीय विदेश नीति7/14 (पूरक), 12/भारतीय राजनीति अध्याय 4
अंतरराष्ट्रीय संबंध12/समकालीन विश्व राजनीति अध्याय 1–7
सार्वजनिक नीति एवं सुशासन9/भाग 2, अध्याय 4; 11/संविधान अध्याय 4
भारतीय राजनीति का विकास12/स्वतंत्र भारत में राजनीति अध्याय 1–8

NCERT के 2026–27 पाठ्यक्रम में कुछ महत्वपूर्ण बदलाव हैं। कक्षा 6–9 में राजनीति विज्ञान को एकीकृत सामाजिक विज्ञान की पुस्तकों में पढ़ाया जा रहा है, जबकि कक्षा 10–12 में संबंधित स्वतंत्र पाठ्यपुस्तकें उपलब्ध हैं।

कक्षावर्तमान पुस्तकराजनीति विज्ञान का स्वरूप
6समाज का अध्ययन: भारत और उसके आगे (Exploring Society: India and Beyond)परिवार, समुदाय, शासन, पंचायती राज
7Exploring Society, भाग 1–2सरकार के प्रकार, संविधान, राज्य
8Exploring Society, भाग 1–2चुनाव, संसद, न्यायपालिका, नागरिकता
9Understanding Society: India and Beyond, भाग 1–2लोकतंत्र, चुनाव, लोकनीति
10लोकतांत्रिक राजनीति–IIसंघवाद, सत्ता-साझेदारी, राजनीतिक दल
11संविधान का कार्यकरण; राजनीतिक सिद्धांतसंविधान एवं राजनीतिक अवधारणाएँ
12समकालीन विश्व राजनीति; स्वतंत्र भारत में राजनीतिअंतरराष्ट्रीय संबंध एवं भारतीय राजनीति

संपूर्ण अध्याय–सूची

अध्यायअध्याय का नामविषय
1पृथ्वी पर स्थानों की स्थिति (Locating Places on the Earth)भूगोल
2महासागर और महाद्वीपभूगोल
3स्थलरूप और जीवनभूगोल
4समयरेखा और इतिहास के स्रोतइतिहास
5भारत अर्थात भारतवर्षइतिहास/संस्कृति
6भारतीय सभ्यता का आरंभइतिहास
7भारत की सांस्कृतिक जड़ेंइतिहास/संस्कृति
8विविधता में एकतासमाज/संस्कृति
9परिवार और समुदायनागरिक शास्त्र
10जमीनी स्तर पर लोकतंत्र–1: शासनराजनीति विज्ञान
11जमीनी स्तर पर लोकतंत्र–2: ग्रामीण स्थानीय शासनराजनीति विज्ञान
12जमीनी स्तर पर लोकतंत्र–3: शहरी स्थानीय शासनराजनीति विज्ञान
13कार्य का मूल्यअर्थशास्त्र
14हमारे आसपास आर्थिक गतिविधियाँअर्थशास्त्र
सामाजिक विज्ञान:- राजनीति विज्ञान
            अध्याय 9. परिवार और समुदाय (Family and Community)  Topic 1 — परिवार की अवधारणा परिवार का अर्थ: समाज की प्राथमिक सामाजिक संस्था। परिवार के प्रकार: एकल, संयुक्त एवं विस्तृत परिवार। परिवार में सहयोग, जिम्मेदारी और परस्पर निर्भरता। परिवार में निर्णय लेने की प्रक्रिया तथा सदस्यों की भूमिकाएँ। Topic 2 — समुदाय की अवधारणा समुदाय का अर्थ एवं विशेषताएँ। पड़ोस, ग्राम एवं स्थानीय समुदाय। सामूहिक जीवन, सामाजिक नियम एवं परंपराएँ। सामुदायिक संसाधनों के उपयोग तथा संरक्षण में सहयोग। Topic 3 — नागरिक जीवन से संबंध सामाजिक उत्तरदायित्व एवं सहयोग। परस्पर सम्मान, सहानुभूति और सहभागिता। परिवार से समुदाय तथा नागरिक समाज तक संबंधों का विस्तार।  
            अध्याय 10. जमीनी स्तर पर लोकतंत्र–1: शासन (Governance)  Topic 1 — शासन की अवधारणा शासन और सरकार का अर्थ तथा अंतर। सामूहिक निर्णय लेने की आवश्यकता। नियम, कानून तथा उनका पालन। नागरिकों तथा शासकीय संस्थाओं की जिम्मेदारियाँ। Topic 2 — सरकार की संरचना सरकार के तीन स्तर: केंद्र, राज्य और स्थानीय। विधायिका: कानून बनाने की संस्था। कार्यपालिका: कानूनों एवं नीतियों का क्रियान्वयन। न्यायपालिका: न्याय एवं कानून की व्याख्या। Topic 3 — लोकतांत्रिक शासन लोकतंत्र का सरल अर्थ: जनता की भागीदारी पर आधारित शासन। प्रतिनिधियों का चुनाव और जवाबदेही। सार्वजनिक समस्याओं के समाधान में नागरिकों की भूमिका। सहभागिता, पारदर्शिता और उत्तरदायित्व।
अध्याय 11. जमीनी स्तर पर लोकतंत्र–2: ग्रामीण स्थानीय शासन  Topic 1 — पंचायती राज व्यवस्था ग्रामीण स्वशासन की अवधारणा। ग्राम सभा तथा ग्राम पंचायत। स्थानीय स्तर पर जनता की भागीदारी। ग्राम पंचायत एवं ग्राम सभा में अंतर। Topic 2 — पंचायती राज की त्रिस्तरीय संरचना Topic 3 — स्थानीय प्रशासन सरपंच/मुखिया एवं पंचायत प्रतिनिधियों की भूमिका। ग्राम पंचायत के विकास कार्य। पेयजल, स्वच्छता, सड़क, प्रकाश व्यवस्था जैसी स्थानीय सेवाएँ। पंचायतों में महिलाओं एवं वंचित समूहों की भागीदारी।  
अध्याय 12. जमीनी स्तर पर लोकतंत्र–3: शहरी स्थानीय शासन  Topic 1 — शहरी स्थानीय निकाय नगर पंचायत, नगर परिषद/नगरपालिका एवं नगर निगम। ग्रामीण तथा शहरी स्थानीय शासन में अंतर। निर्वाचित पार्षद, महापौर और प्रशासनिक अधिकारी। Topic 2 — शहरी प्रशासन के कार्य पेयजल आपूर्ति, सफाई और कचरा प्रबंधन। सड़क, स्ट्रीट लाइट एवं सार्वजनिक सुविधाएँ। शहरी नियोजन और नागरिक समस्याएँ। नागरिक शिकायतों तथा सार्वजनिक भागीदारी की भूमिका। Topic 3 — परीक्षा विस्तार 73वाँ एवं 74वाँ संविधान संशोधन। संविधान का भाग IX और भाग IX-A। ग्यारहवीं तथा बारहवीं अनुसूची। नोट: संविधान संशोधन एवं अनुसूचियों का विस्तृत अध्ययन अध्याय के मूल स्तर से आगे का BPSC/TRE परीक्षा-विस्तार है।  
अध्याय 8 सामाजिक विविधता और राष्ट्रीय एकता के कारण राजनीतिक विज्ञान से भी संबंधित है।

संपूर्ण अध्याय–सूची

अध्यायनामविषय
1भारत की भौगोलिक विविधताभूगोल
2मौसम की समझभूगोल
3भारत की जलवायुभूगोल
4नए आरंभ: नगर और राज्यइतिहास
5साम्राज्यों का उदयइतिहास
6पुनर्गठन का युगइतिहास
7गुप्त युग: सृजनशीलता का कालइतिहास
8भूमि पवित्र कैसे बनती हैसंस्कृति
9शासकों से शासितों तक: सरकारों के प्रकारराजनीति विज्ञान
10भारत का संविधान: परिचयराजनीति विज्ञान
11वस्तु-विनिमय से मुद्रा तकअर्थशास्त्र
12बाजार की समझअर्थशास्त्र
13भारतीय कृषि की कहानीभूगोल/अर्थव्यवस्था
14भारत और उसके पड़ोसीभूगोल/अंतरराष्ट्रीय संबंध
15छठी से दसवीं शताब्दी के साम्राज्य एवं राज्यइतिहास
16बदलता परिदृश्य: 11वीं–12वीं शताब्दीइतिहास
17भारत: अनेक समुदायों का घरसामाजिक इतिहास
18राज्य, सरकार और आपराजनीति विज्ञान
19अवसंरचना: भारत के विकास का इंजनअर्थव्यवस्था
20बैंक एवं वित्तीय व्यवस्थाअर्थशास्त्र
सामाजिक विज्ञान :- राजनीतिक विज्ञान
          अध्याय 9. शासकों से शासितों तक: सरकारों के प्रकार  Topic 1 — सरकार का अर्थ एवं आवश्यकता समाज में सरकार की आवश्यकता। नियम, सार्वजनिक व्यवस्था और प्रशासन। शासन की वैधता तथा जनता की स्वीकृति। Topic 2 — शासन के प्रमुख रूप राजतंत्र: वंशानुगत या राजकीय सत्ता पर आधारित शासन। लोकतंत्र: जनता की सहभागिता और प्रतिनिधित्व। अधिनायकवादी शासन: राजनीतिक सत्ता का केंद्रीकरण। लोकतांत्रिक तथा अलोकतांत्रिक शासन का तुलनात्मक अध्ययन। Topic 3 — लोकतंत्र के प्रकार प्रत्यक्ष एवं प्रतिनिधिक लोकतंत्र। नागरिक भागीदारी और चुनाव। जनता के प्रति सरकार की जवाबदेही। बहुमत, अल्पसंख्यकों के अधिकार और कानून का शासन।  
              अध्याय 10. भारत का संविधान: एक परिचय  Topic 1 — संविधान की आवश्यकता संविधान का अर्थ और उद्देश्य। सरकार की शक्तियों को सीमित करना। नागरिक अधिकारों की सुरक्षा। राजनीतिक संस्थाओं की संरचना निर्धारित करना। Topic 2 — संविधान का निर्माण संविधान सभा की भूमिका। संविधान निर्माण में विचार-विमर्श का महत्व। संविधान अंगीकरण: 26 नवंबर 1949। संविधान का प्रवर्तन: 26 जनवरी 1950। Topic 3 — भारतीय संविधान के आदर्श प्रस्तावना एवं उसके मूल्य। न्याय, स्वतंत्रता, समानता और बंधुता। लोकतंत्र, गणराज्य, संप्रभुता और धर्मनिरपेक्षता। नागरिक अधिकार एवं कर्तव्य। Topic 4 — संविधान की प्रमुख विशेषताएँ संसदीय लोकतंत्र। संघीय व्यवस्था। स्वतंत्र न्यायपालिका। सार्वभौमिक वयस्क मताधिकार।
            अध्याय 18. राज्य, सरकार और आप  Topic 1 — राज्य की अवधारणा राज्य के प्रमुख तत्व: जनसंख्या, निश्चित भूभाग, सरकार और संप्रभुता। राज्य एवं सरकार में अंतर। राज्य एक स्थायी राजनीतिक संस्था; सरकार उसका परिवर्तनशील संचालन तंत्र। Topic 2 — भारतीय शासन व्यवस्था भारत एक लोकतांत्रिक गणराज्य। विधायिका, कार्यपालिका और न्यायपालिका। राजनीतिक कार्यपालिका एवं स्थायी कार्यपालिका। जनप्रतिनिधियों तथा लोक सेवकों की भूमिकाएँ। Topic 3 — सरकार और नागरिक कानून, सार्वजनिक नीति एवं प्रशासन। नागरिक सहभागिता। सरकारी सेवाओं तक पहुँच। नागरिक अधिकार, उत्तरदायित्व तथा शिकायत निवारण।  
अध्याय 14 को अंतरराष्ट्रीय संबंध और अध्याय 17 को बहुलतावाद के पूरक अध्ययन में शामिल किया जा सकता है।

संपूर्ण अध्याय–सूची

अध्यायनामविषय
1प्राकृतिक संसाधन एवं उनका उपयोगभूगोल
2भारत के राजनीतिक मानचित्र का पुनर्गठनइतिहास
3मराठों का उदयइतिहास
4भारत में औपनिवेशिक युगइतिहास
5सार्वभौमिक वयस्क मताधिकार एवं भारतीय निर्वाचन प्रणालीराजनीति विज्ञान
6संसदीय प्रणाली: विधायिका एवं कार्यपालिकाराजनीति विज्ञान
7उत्पादन के कारकअर्थशास्त्र
8विश्व भूगोल की झलकियाँभूगोल
9भारत की स्वतंत्रता की लंबी यात्राइतिहास
10भारतीय वास्तुकला की यात्रासंस्कृति
11हमारे समाज में न्यायपालिका की भूमिकाराजनीति विज्ञान
12नागरिकता: अधिकार एवं कर्तव्यराजनीति विज्ञान
13जनसंख्या की गतिशीलताभूगोल
14भारत का शहरी परिदृश्यभूगोल
15सांस्कृतिक धाराएँ: 13वीं से 17वीं शताब्दीइतिहास
सामाजिक विज्ञान :- राजनीतिक विज्ञान
                  अध्याय 5. सार्वभौमिक वयस्क मताधिकार एवं भारतीय निर्वाचन प्रणाली  Topic 1 — मताधिकार की अवधारणा मताधिकार का अर्थ। सीमित मताधिकार से सार्वभौमिक वयस्क मताधिकार तक विकास। भारत में 18 वर्ष की मतदान आयु। राजनीतिक समानता तथा एक व्यक्ति–एक वोट का सिद्धांत। Topic 2 — निर्वाचन प्रक्रिया निर्वाचन क्षेत्र एवं मतदाता सूची। उम्मीदवार तथा नामांकन। चुनाव प्रचार और मतदान। मतगणना एवं परिणाम। Topic 3 — निर्वाचन आयोग स्वतंत्र एवं निष्पक्ष चुनाव में भूमिका। अनुच्छेद 324 का परिचय। चुनाव संचालन, निगरानी एवं आदर्श आचार संहिता। चुनावी भागीदारी बढ़ाने के प्रयास। Topic 4 — निर्वाचन में तकनीक इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM)। VVPAT। चुनावी पारदर्शिता और मतदाता जागरूकता।  
अध्याय 6. संसदीय प्रणाली: विधायिका एवं कार्यपालिका  Topic 1 — संसदीय लोकतंत्र संसदीय प्रणाली की अवधारणा। जनता और जनप्रतिनिधियों का संबंध। कार्यपालिका का विधायिका के प्रति उत्तरदायित्व। Topic 2 — संसद की संरचना राष्ट्रपति, लोकसभा एवं राज्यसभा। लोकसभा और राज्यसभा की भूमिकाएँ। संसद में प्रतिनिधित्व तथा विचार-विमर्श। Topic 3 — कानून निर्माण विधेयक का परिचय। विधेयक पर चर्चा एवं मतदान। दोनों सदनों और राष्ट्रपति की भूमिका। संसदीय समितियों का परिचय। Topic 4 — कार्यपालिका राष्ट्रपति की संवैधानिक भूमिका। प्रधानमंत्री एवं मंत्रिपरिषद। राजनीतिक तथा स्थायी कार्यपालिका। प्रशासनिक उत्तरदायित्व।
            अध्याय 11. हमारे समाज में न्यायपालिका की भूमिका  Topic 1 — न्यायपालिका की अवधारणा न्याय तथा न्यायिक संस्थाओं की आवश्यकता। कानून का शासन। विवादों का समाधान और अधिकारों की रक्षा। Topic 2 — भारतीय न्यायिक व्यवस्था सर्वोच्च न्यायालय। उच्च न्यायालय। अधीनस्थ न्यायालय। न्यायालयों का पदानुक्रम एवं अधिकार क्षेत्र। Topic 3 — स्वतंत्र न्यायपालिका न्यायिक स्वतंत्रता का अर्थ एवं महत्व। न्यायिक निष्पक्षता। न्यायिक पुनरावलोकन का परिचय। Topic 4 — न्याय तक पहुँच न्याय प्राप्त करने का अधिकार। जनहित याचिका (PIL)। विधिक सहायता एवं कमजोर वर्गों की न्याय तक पहुँच।  
                अध्याय 12. नागरिकता: अधिकार एवं कर्तव्य  Topic 1 — नागरिकता नागरिकता का अर्थ। नागरिक एवं विदेशी में अंतर। नागरिकता और राजनीतिक समुदाय की सदस्यता। Topic 2 — अधिकार नागरिक अधिकारों की अवधारणा। संवैधानिक अधिकारों का संरक्षण। समानता, स्वतंत्रता और गरिमा। नागरिकों एवं व्यक्तियों को प्राप्त विभिन्न अधिकारों में अंतर। Topic 3 — कर्तव्य नागरिक उत्तरदायित्व। संविधान एवं राष्ट्रीय प्रतीकों का सम्मान। सार्वजनिक संपत्ति का संरक्षण। पर्यावरण संरक्षण एवं सामाजिक सद्भाव। Topic 4 — अधिकार और कर्तव्य का संबंध लोकतांत्रिक नागरिकता। सामाजिक एवं राजनीतिक सहभागिता। अधिकारों के प्रयोग में दूसरों की स्वतंत्रता का सम्मान।  

2026–27 के लिए कक्षा 9 में Understanding Society: India and Beyond नामक नई एकीकृत सामाजिक विज्ञान पुस्तक उपलब्ध है। इसके भाग 1 में नौ अध्याय हैं। उपलब्ध भाग 2 की अध्याय-सूची में छह अध्याय दिए गए हैं।

वर्तमान पुस्तकों की पूरी अध्याय–सूची

भागअध्यायशीर्षकविषय
11सामाजिक विज्ञान को समझनापरिचय
12पृथ्वी की सतह का निर्माणभूगोल
13वायुमंडल एवं जलवायुभूगोल
14प्रारंभिक मानव एवं सभ्यता की शुरुआतइतिहास
151000 ईस्वी तक राज्य एवं समाजइतिहास/राजनीतिक संस्थाएँ
16लोकतंत्र (Democracy)राजनीति विज्ञान
17चुनाव (Elections)राजनीति विज्ञान
18अर्थशास्त्र की बुनियाद: चयन की समस्याअर्थशास्त्र
19कीमत की पहेली: बाजार कैसे काम करता हैअर्थशास्त्र
21महासागर और जीवनभूगोल
22पृथ्वी पर जीवनभूगोल
23प्रतिरोध एवं संघर्षशीलता, 1000–1700 ई.इतिहास
24शासन एवं सार्वजनिक नीतिराजनीति विज्ञान
25व्यक्तिगत वित्तीय प्रबंधनअर्थशास्त्र
26विचारों से स्टार्टअप तकअर्थव्यवस्था

भाग 2 के नाम उपलब्ध 2026 संस्करण की द्वितीयक अध्याय-सूची के अनुरूप हैं; भाग 1 की सूची NCERT के ePathshala रिकॉर्ड से भी पुष्ट होती है।

सामाजिक विज्ञान :- राजनीतिक विज्ञान
भाग 1 — अध्याय 6. लोकतंत्रTopic 1 — लोकतंत्र की अवधारणा लोकतंत्र का अर्थ, परिभाषा और विकास। जनता की संप्रभुता। लोकतांत्रिक तथा अलोकतांत्रिक शासन। भारत में लोकतांत्रिक परंपराओं की पृष्ठभूमि। Topic 2 — लोकतंत्र की विशेषताएँ राजनीतिक समानता। स्वतंत्र एवं निष्पक्ष चुनाव। कानून का शासन। मौलिक अधिकार और नागरिक स्वतंत्रताएँ। जवाबदेही, जनभागीदारी एवं बहुदलीय व्यवस्था। Topic 3 — लोकतंत्र के प्रकार प्रत्यक्ष एवं प्रतिनिधिक लोकतंत्र। संसदीय एवं अध्यक्षात्मक व्यवस्थाएँ। स्थानीय स्वशासन तथा विकेंद्रीकरण। Topic 4 — लोकतंत्र की चुनौतियाँ असमानता और सामाजिक विभाजन। राजनीतिक भागीदारी की बाधाएँ। लोकतांत्रिक संस्थाओं का संरक्षण। आपातकाल जैसे ऐतिहासिक अनुभवों से सीख।  
भाग 1 — अध्याय 7. चुनाव  Topic 1 — लोकतंत्र में चुनाव चुनाव का महत्व। प्रतिनिधित्व और जनादेश। नियमित, स्वतंत्र एवं निष्पक्ष चुनाव की शर्तें। Topic 2 — भारतीय निर्वाचन व्यवस्था निर्वाचन क्षेत्रों की अवधारणा। मतदाता और उम्मीदवार। निर्वाचन आयोग। लोकसभा एवं विधानसभा चुनाव। Topic 3 — चुनावी प्रक्रिया मतदाता सूची, नामांकन एवं प्रचार। मतदान एवं मतगणना। निर्वाचन परिणाम और सरकार गठन। Topic 4 — चुनाव संबंधी चुनौतियाँ धनबल तथा बाहुबल का प्रभाव। चुनावी पारदर्शिता। मतदाता जागरूकता। चुनाव सुधार की आवश्यकता।
भाग 2 — अध्याय 4. शासन एवं सार्वजनिक नीति  Topic 1 — शासन एवं सुशासन शासन, सरकार तथा प्रशासन का अंतर। सुशासन के सिद्धांत: जवाबदेही, पारदर्शिता, सहभागिता एवं प्रभावशीलता। सेवा वितरण और नागरिक-केंद्रित प्रशासन। Topic 2 — सार्वजनिक नीति सार्वजनिक नीति का अर्थ। किसी समस्या की पहचान एवं एजेंडा निर्धारण। नीति निर्माण, क्रियान्वयन एवं मूल्यांकन। सरकार, नागरिक और अन्य हितधारकों की भूमिका। Topic 3 — ई–गवर्नेंस डिजिटल प्रशासन। डिजिटल सेवाओं तक पहुँच। नागरिक शिकायत निवारण। तकनीक, समावेशन एवं डिजिटल विभाजन। Topic 4 — नीतिगत उदाहरण शिक्षा एवं खेल नीतियाँ। सार्वजनिक कल्याण कार्यक्रम। स्थानीय आवश्यकताओं के आधार पर नीति निर्माण।  
पुरानी NCERT: प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए पूरक अध्याय कक्षा 9 की पुरानी Democratic Politics–I (लोकतांत्रिक राजनीति–I) में पाँच अध्याय थे। TRE तथा पुराने प्रश्नपत्रों के अध्ययन में इन्हें अलग से सुरक्षित रखना उपयोगी है। पुराना अध्याय परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण उपविषय 1. लोकतंत्र क्या? लोकतंत्र क्यों? लोकतंत्र का अर्थ, विशेषताएँ, पक्ष-विपक्ष में तर्क 2. संविधान निर्माण दक्षिण अफ्रीका, संविधान सभा, प्रस्तावना, संवैधानिक मूल्य 3. चुनावी राजनीति चुनावी प्रतिस्पर्धा, निर्वाचन प्रक्रिया, चुनाव आयोग 4. संस्थाओं का कामकाज संसद, राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, न्यायपालिका 5. लोकतांत्रिक अधिकार मौलिक अधिकार, अधिकारों का विस्तार, संवैधानिक उपचार महत्वपूर्ण अंतर: पुराने पाँच अध्यायों को 2026 की नई कक्षा 9 पुस्तक की वर्तमान अध्याय–सूची नहीं माना जाना चाहिए।  
लोकतांत्रिक राजनीति–II – राजनीतिक विज्ञान
अध्याय 1. सत्ता की साझेदारी (Power Sharing)  Topic 1 — सत्ता की साझेदारी की अवधारणा सत्ता के केंद्रीकरण एवं विकेंद्रीकरण का अर्थ। लोकतंत्र में सत्ता-साझेदारी की आवश्यकता। सत्ता-साझेदारी के नैतिक तथा व्यावहारिक कारण। Topic 2 — बेल्जियम और श्रीलंका का तुलनात्मक अध्ययन बेल्जियम की भाषायी-सामुदायिक संरचना। बेल्जियम में सत्ता-साझेदारी की व्यवस्थाएँ। श्रीलंका में बहुसंख्यकवाद एवं तमिल समुदाय। बहुसंख्यकवाद और समावेशी लोकतंत्र में अंतर। Topic 3 — सत्ता–साझेदारी के रूप सरकार के विभिन्न अंगों के बीच क्षैतिज सत्ता-साझेदारी। केंद्र एवं राज्य सरकारों के बीच ऊर्ध्वाधर सत्ता-साझेदारी। सामाजिक समूहों के बीच सत्ता-साझेदारी। राजनीतिक दलों, दबाव समूहों और आंदोलनों की भूमिका।  
अध्याय 2. संघवाद (Federalism)  Topic 1 — संघवाद की अवधारणा संघात्मक एवं एकात्मक शासन। संघवाद की विशेषताएँ। Coming Together और Holding Together संघ। Topic 2 — भारतीय संघीय संरचना संघ सूची, राज्य सूची और समवर्ती सूची। केंद्र तथा राज्यों के बीच शक्तियों का वितरण। संविधान की सर्वोच्चता। न्यायपालिका की भूमिका। Topic 3 — भारतीय संघवाद का व्यवहार भाषायी राज्यों का निर्माण। भाषा नीति। केंद्र–राज्य संबंध। राजनीतिक दलों और गठबंधन राजनीति का प्रभाव। Topic 4 — स्थानीय स्वशासन सत्ता का विकेंद्रीकरण। पंचायतें एवं नगर निकाय। संवैधानिक दर्जा और स्थानीय लोकतंत्र। नागरिक सहभागिता।  
अध्याय 3. जाति, धर्म और लैंगिक मसले (Gender, Religion and Caste)  Topic 1 — लैंगिक असमानता लैंगिक श्रम विभाजन। सार्वजनिक तथा निजी जीवन में महिलाओं की भूमिका। शिक्षा, रोजगार एवं राजनीतिक प्रतिनिधित्व। महिला सशक्तिकरण। Topic 2 — धर्म एवं राजनीति धर्मनिरपेक्षता की अवधारणा। सांप्रदायिकता के स्वरूप। धार्मिक विविधता और लोकतंत्र। धर्मनिरपेक्ष राज्य के सिद्धांत। Topic 3 — जाति एवं राजनीति जाति आधारित असमानताएँ। जाति और राजनीतिक प्रतिनिधित्व। चुनावी राजनीति में जाति की भूमिका। सामाजिक न्याय और लोकतंत्र।
अध्याय 4. राजनीतिक दल (Political Parties)  Topic 1 — राजनीतिक दलों की अवधारणा राजनीतिक दल का अर्थ और विशेषताएँ। दल के संगठनात्मक घटक। लोकतंत्र में राजनीतिक दलों की आवश्यकता। Topic 2 — राजनीतिक दलों के कार्य चुनाव लड़ना। नीतियाँ एवं कार्यक्रम प्रस्तुत करना। सरकार बनाना। विपक्ष की भूमिका निभाना। जनमत निर्माण। Topic 3 — दलीय प्रणालियाँ एकदलीय, द्विदलीय एवं बहुदलीय व्यवस्था। भारत में बहुदलीय व्यवस्था। राष्ट्रीय एवं राज्यस्तरीय दल। Topic 4 — चुनौतियाँ एवं सुधार आंतरिक लोकतंत्र का अभाव। वंशवाद और नेतृत्व का केंद्रीकरण। धनबल एवं राजनीतिक वित्तपोषण। राजनीतिक दलों में पारदर्शिता तथा सुधार।  
अध्याय 5. लोकतंत्र के परिणाम (Outcomes of Democracy)  Topic 1 — राजनीतिक परिणाम जवाबदेह एवं उत्तरदायी सरकार। लोकतांत्रिक वैधता। पारदर्शिता एवं जनभागीदारी। Topic 2 — आर्थिक परिणाम आर्थिक विकास एवं लोकतंत्र। गरीबी तथा असमानता। आर्थिक अवसरों का वितरण। Topic 3 — सामाजिक परिणाम सामाजिक विविधता का समायोजन। नागरिक गरिमा एवं स्वतंत्रता। महिलाओं तथा वंचित समूहों की स्थिति। संघर्षों का लोकतांत्रिक समाधान। Topic 4 — लोकतंत्र का मूल्यांकन लोकतंत्र से अपेक्षाएँ। लोकतांत्रिक उपलब्धियाँ एवं सीमाएँ। नागरिकों की भूमिका।  
पुरानी कक्षा 10 NCERT के लोकतंत्र और विविधता, जनसंघर्ष एवं आंदोलन तथा लोकतंत्र की चुनौतियाँ अध्याय वर्तमान पाँच-अध्याय वाली पुस्तक में नहीं हैं; UPSC/BPSC के व्यापक अध्ययन में इन्हें पूरक पाठ के रूप में रखा जा सकता है।
अध्याय 1. संविधान: क्यों और कैसे? (Constitution: Why and How?)  Topic 1 — संविधान की अवधारणा संविधान का अर्थ, स्वरूप एवं महत्व। सरकार की शक्तियों का निर्धारण और सीमांकन। सामाजिक समन्वय एवं सामूहिक लक्ष्यों की प्राप्ति। संविधान और राजनीतिक समुदाय की पहचान। Topic 2 — भारतीय संविधान का निर्माण संविधान सभा की स्थापना एवं संरचना। संविधान सभा की प्रमुख समितियाँ। उद्देश्य प्रस्ताव एवं संवैधानिक आदर्श। संविधान निर्माण की प्रमुख तिथियाँ। Topic 3 — संविधान की वैधता एवं अधिकारिता संविधान के प्राधिकार का आधार। प्रतिनिधित्व एवं सार्वजनिक विचार-विमर्श। संवैधानिक सहमति और लोकतांत्रिक वैधता।  
अध्याय 2. भारतीय संविधान में अधिकार (Rights in the Indian Constitution)  Topic 1 — मौलिक अधिकार मौलिक अधिकारों का अर्थ एवं आवश्यकता। समानता का अधिकार: अनुच्छेद 14–18। स्वतंत्रता का अधिकार: अनुच्छेद 19–22। शोषण के विरुद्ध अधिकार: अनुच्छेद 23–24। Topic 2 — अन्य मौलिक अधिकार धर्म की स्वतंत्रता: अनुच्छेद 25–28। सांस्कृतिक एवं शैक्षिक अधिकार: अनुच्छेद 29–30। संवैधानिक उपचार: अनुच्छेद 32। रिट की अवधारणा और प्रकार। Topic 3 — नीति–निदेशक तत्व राज्य के नीति-निदेशक तत्वों की अवधारणा। सामाजिक एवं आर्थिक न्याय। मौलिक अधिकार और नीति-निदेशक तत्वों का संबंध। Topic 4 — मौलिक कर्तव्य अनुच्छेद 51A। नागरिक कर्तव्यों की प्रकृति। अधिकार और कर्तव्य का संबंध।  
अध्याय 3. चुनाव और प्रतिनिधित्व (Election and Representation)  Topic 1 — चुनाव एवं लोकतंत्र प्रतिनिधित्व का अर्थ। लोकतंत्र में नियमित चुनावों की आवश्यकता। प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष चुनाव। Topic 2 — चुनाव प्रणालियाँ सर्वाधिक मत प्राप्त करने वाले की विजय (FPTP)। आनुपातिक प्रतिनिधित्व प्रणाली। दोनों प्रणालियों का तुलनात्मक अध्ययन। Topic 3 — भारतीय निर्वाचन व्यवस्था सार्वभौमिक वयस्क मताधिकार। निर्वाचन क्षेत्र तथा आरक्षण। निर्वाचन आयोग की संवैधानिक स्थिति। स्वतंत्र एवं निष्पक्ष चुनाव। Topic 4 — चुनाव सुधार निर्वाचन प्रक्रिया में पारदर्शिता। राजनीतिक प्रतिनिधित्व। चुनावी वित्तपोषण और सुधार।  
अध्याय 4. कार्यपालिका (Executive)  Topic 1 — कार्यपालिका की अवधारणा कार्यपालिका का अर्थ और कार्य। राजनीतिक एवं स्थायी कार्यपालिका। संसदीय एवं अध्यक्षात्मक कार्यपालिका। Topic 2 — संघीय कार्यपालिका राष्ट्रपति का निर्वाचन और संवैधानिक स्थान। राष्ट्रपति की प्रमुख शक्तियाँ। प्रधानमंत्री की नियुक्ति एवं भूमिका। मंत्रिपरिषद और मंत्रिमंडल। सामूहिक उत्तरदायित्व। Topic 3 — राज्य कार्यपालिका राज्यपाल की भूमिका। मुख्यमंत्री एवं मंत्रिपरिषद। राज्यपाल–मुख्यमंत्री संबंध। Topic 4 — प्रशासनिक कार्यपालिका नौकरशाही। लोक सेवकों की भूमिका। राजनीतिक नियंत्रण तथा प्रशासनिक जवाबदेही।  
अध्याय 5. विधायिका (Legislature)  Topic 1 — विधायिका का महत्व प्रतिनिधित्व एवं कानून निर्माण। सरकार पर नियंत्रण। जनता की समस्याओं पर चर्चा। Topic 2 — भारतीय संसद लोकसभा एवं राज्यसभा। संसद की शक्तियाँ तथा कार्य। संसदीय विशेषाधिकार का परिचय। Topic 3 — विधायी प्रक्रिया सामान्य विधेयक। धन विधेयक। कानून निर्माण के चरण। Topic 4 — संसदीय नियंत्रण प्रश्नकाल एवं विभिन्न संसदीय प्रक्रियाएँ। विश्वास एवं अविश्वास प्रस्ताव। संसदीय समितियाँ। कार्यपालिका की जवाबदेही।  
अध्याय 6. न्यायपालिका (Judiciary)  Topic 1 — न्यायपालिका का महत्व स्वतंत्र एवं निष्पक्ष न्यायपालिका। न्यायपालिका की संस्थागत स्वतंत्रता। न्यायिक नियुक्ति तथा पद की सुरक्षा। Topic 2 — सर्वोच्च न्यायालय मूल अधिकारिता। अपीलीय अधिकारिता। परामर्शी अधिकारिता। मौलिक अधिकारों का संरक्षण। Topic 3 — न्यायिक पुनरावलोकन विधायी एवं कार्यकारी निर्णयों की संवैधानिक समीक्षा। संविधान की सर्वोच्चता। न्यायिक सक्रियता एवं जनहित याचिका। Topic 4 — न्यायपालिका और लोकतंत्र शक्तियों के पृथक्करण का सिद्धांत। न्यायपालिका–विधायिका संबंध। न्यायपालिका की स्वतंत्रता और जवाबदेही।
अध्याय 7. संघवाद (Federalism)Topic 1 — संघवाद का सिद्धांत संघवाद की परिभाषा एवं आवश्यक विशेषताएँ। संघीय तथा एकात्मक व्यवस्था का अंतर। संघीय शासन के विभिन्न मॉडल। Topic 2 — भारतीय संघवाद भारतीय संघीय व्यवस्था की विशेषताएँ। विधायी शक्तियों का वितरण। संघ एवं राज्यों के बीच प्रशासनिक संबंध। वित्तीय संबंधों की आधारभूत संरचना। Topic 3 — विशेष प्रावधान तथा विविधता भाषायी एवं क्षेत्रीय विविधता। कुछ राज्यों के लिए संवैधानिक विशेष प्रावधान। असममित संघवाद की अवधारणा। Topic 4 — केंद्र–राज्य संबंधों की चुनौतियाँ क्षेत्रीय आकांक्षाएँ। संघीय विवाद। सहकारी संघवाद का महत्व।  
अध्याय 8. स्थानीय सरकारें (Local Governments)  Topic 1 — स्थानीय स्वशासन विकेंद्रीकरण एवं स्थानीय लोकतंत्र। स्वतंत्रता-पूर्व एवं स्वतंत्रता-पश्चात विकास। लोकतांत्रिक सहभागिता। Topic 2 — 73वाँ संविधान संशोधन ग्राम सभा एवं पंचायती राज संस्थाएँ। पंचायतों में आरक्षण। राज्य निर्वाचन आयोग। राज्य वित्त आयोग। Topic 3 — 74वाँ संविधान संशोधन नगर निकाय। शहरी स्थानीय स्वशासन। स्थानीय विकास और नागरिक सेवाएँ। Topic 4 — स्थानीय शासन की चुनौतियाँ वित्तीय संसाधनों की कमी। प्रशासनिक क्षमता। प्रतिनिधित्व एवं वास्तविक अधिकारों का हस्तांतरण।  
अध्याय 9. संविधान: एक जीवंत दस्तावेज (Constitution as a Living Document)  Topic 1 — संविधान की जीवंतता परिवर्तनशील परिस्थितियाँ और संविधान। स्थिरता तथा परिवर्तन के बीच संतुलन। संवैधानिक व्याख्या की भूमिका। Topic 2 — संविधान संशोधन अनुच्छेद 368। संशोधन की विभिन्न प्रक्रियाएँ। संशोधन शक्ति की सीमाएँ। Topic 3 — मूल संरचना सिद्धांत केशवानंद भारती मामला, 1973। संविधान संशोधन और न्यायिक पुनरावलोकन। संविधान की मूल संरचना का संरक्षण। Topic 4 — संविधान का विकास सामाजिक परिवर्तन। लोकतांत्रिक संस्थाओं का विकास। न्यायिक व्याख्या एवं संवैधानिक मूल्य।  
अध्याय 10. संविधान का राजनीतिक दर्शन (The Philosophy of the Constitution)  Topic 1 — संविधान के मूल मूल्य स्वतंत्रता। समानता। सामाजिक न्याय। बंधुता। लोकतांत्रिक प्रतिनिधित्व। Topic 2 — भारतीय संविधान की वैचारिक विशेषताएँ व्यक्तिगत स्वतंत्रता। सामाजिक सुधार। धर्मनिरपेक्षता। विविधता की स्वीकृति। राजनीतिक एवं सामाजिक समानता। Topic 3 — संविधान के प्रति आलोचनात्मक दृष्टिकोण संविधान की उपलब्धियाँ। सीमाएँ एवं आलोचनाएँ। संवैधानिक आदर्श तथा व्यवहार के बीच अंतर।  
कक्षा 11 — राजनीतिक सिद्धांत
अध्याय 1. राजनीतिक सिद्धांत: एक परिचय  Topic 1 — राजनीति का अर्थ राजनीति की अवधारणा। सत्ता, अधिकारिता तथा सार्वजनिक निर्णय। राजनीति और दैनिक जीवन का संबंध। Topic 2 — राजनीतिक सिद्धांत राजनीतिक सिद्धांत का अर्थ एवं प्रकृति। राजनीतिक चिंतन की आवश्यकता। राजनीतिक संस्थाओं और मूल्यों का विश्लेषण। Topic 3 — अध्ययन की मुख्य अवधारणाएँ स्वतंत्रता, समानता, न्याय और अधिकार। राज्य, सरकार तथा नागरिकता। लोकतंत्र में राजनीतिक सिद्धांत का महत्व।
 अध्याय 2. स्वतंत्रता (Freedom)  Topic 1 — स्वतंत्रता की अवधारणा स्वतंत्रता का अर्थ। व्यक्तिगत एवं सामूहिक स्वतंत्रता। स्वतंत्रता और प्रतिबंधों का संबंध। Topic 2 — स्वतंत्रता के प्रकार नकारात्मक स्वतंत्रता। सकारात्मक स्वतंत्रता। अभिव्यक्ति और विचार की स्वतंत्रता। Topic 3 — प्रमुख विचार जे. एस. मिल का हानि सिद्धांत। स्वतंत्रता पर न्यायोचित प्रतिबंध। स्वतंत्रता एवं सामाजिक उत्तरदायित्व।  
अध्याय 3. समानता (Equality)  Topic 1 — समानता की अवधारणा समानता का अर्थ और महत्व। प्राकृतिक एवं सामाजिक असमानताएँ। समानता और एकरूपता का अंतर। Topic 2 — समानता के प्रकार राजनीतिक समानता। सामाजिक समानता। आर्थिक समानता। अवसर की समानता। Topic 3 — समानता के उपाय भेदभाव का उन्मूलन। सकारात्मक कार्रवाई। आरक्षण एवं अवसरों का विस्तार। असमानता कम करने में राज्य की भूमिका।  
अध्याय 4. सामाजिक न्याय (Social Justice)  Topic 1 — न्याय की अवधारणा न्याय का अर्थ। न्याय और निष्पक्षता। समान परिस्थितियों में समान व्यवहार। Topic 2 — न्याय के सिद्धांत आवश्यकता एवं योग्यता का महत्व। समान अवसर। संसाधनों का न्यायसंगत वितरण। Topic 3 — जॉन रॉल्स का न्याय सिद्धांत मूल स्थिति (Original Position)। अज्ञान का आवरण (Veil of Ignorance)। न्यायसंगत संस्थाओं की अवधारणा। Topic 4 — सामाजिक न्याय की चुनौतियाँ गरीबी एवं असमानता। कमजोर वर्गों का संरक्षण। राज्य की कल्याणकारी भूमिका।
अध्याय 5. अधिकार (Rights)  Topic 1 — अधिकार की अवधारणा अधिकार का अर्थ एवं आवश्यकता। अधिकारों की सामाजिक और नैतिक मान्यता। अधिकार एवं गरिमा। Topic 2 — अधिकारों के प्रकार प्राकृतिक एवं नैतिक अधिकार। कानूनी तथा संवैधानिक अधिकार। नागरिक, राजनीतिक एवं सामाजिक-आर्थिक अधिकार। Topic 3 — अधिकार और राज्य अधिकारों का संरक्षण। राज्य की भूमिका एवं सीमाएँ। अधिकारों के पारस्परिक संघर्ष का समाधान। Topic 4 — अधिकार और कर्तव्य अधिकार एवं उत्तरदायित्व का संबंध। दूसरों के अधिकारों का सम्मान। लोकतांत्रिक समाज में अधिकारों का महत्व।
अध्याय 6. नागरिकता (Citizenship)  Topic 1 — नागरिकता की अवधारणा नागरिकता का अर्थ एवं विकास। पूर्ण एवं समान सदस्यता। नागरिक और राज्य का संबंध। Topic 2 — लोकतांत्रिक नागरिकता समान अधिकार। राजनीतिक सहभागिता। सामाजिक समावेशन। Topic 3 — नागरिकता की चुनौतियाँ प्रवासन। शरणार्थी समस्या। पहचान एवं बहिष्करण। सार्वभौमिक नागरिकता की अवधारणा।  
अध्याय 7. राष्ट्रवाद (Nationalism)  Topic 1 — राष्ट्रवाद की अवधारणा राष्ट्र तथा राष्ट्रवाद का अर्थ। राष्ट्र एवं राज्य में अंतर। सामूहिक पहचान का निर्माण। Topic 2 — राष्ट्रवाद का विकास इतिहास एवं साझा स्मृतियाँ। सांस्कृतिक पहचान। राजनीतिक आकांक्षाएँ। राष्ट्रीय आत्मनिर्णय। Topic 3 — राष्ट्रवाद के विभिन्न रूप नागरिक एवं सांस्कृतिक राष्ट्रवाद। समावेशी राष्ट्रवाद। राष्ट्रवाद के संभावित अंतर्विरोध। Topic 4 — राष्ट्रवाद और बहुलतावाद विविधता का संरक्षण। अल्पसंख्यक समुदायों के अधिकार। राष्ट्रीय एकता और लोकतंत्र।  
अध्याय 8. धर्मनिरपेक्षता (Secularism)  Topic 1 — धर्मनिरपेक्षता की अवधारणा धार्मिक स्वतंत्रता। धार्मिक वर्चस्व का विरोध। राज्य एवं धर्म का संबंध। Topic 2 — पश्चिमी धर्मनिरपेक्षता राज्य और धर्म का संस्थागत पृथक्करण। धार्मिक स्वतंत्रता एवं समान व्यवहार। Topic 3 — भारतीय धर्मनिरपेक्षता सभी धर्मों के प्रति सम्मान। सैद्धांतिक दूरी (Principled Distance)। सामाजिक सुधार के लिए राज्य का हस्तक्षेप। Topic 4 — धर्मनिरपेक्षता की चुनौतियाँ सांप्रदायिकता। धार्मिक असमानता। अल्पसंख्यक अधिकार। धर्मनिरपेक्ष लोकतंत्र का संरक्षण।
पाठ्यक्रम संबंधी सावधानी: पुराने संस्करणों में राजनीतिक सिद्धांत के शांति और विकास अध्याय भी मिलते हैं। वर्तमान निर्धारित आठ अध्यायों में वे अलग अध्याय नहीं हैं; फिर भी UGC-NET और UPSC की व्यापक तैयारी में इन्हें पूरक विषय बनाया जा सकता है।
समकालीन विश्व राजनीति – अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम
अध्याय 1. दो ध्रुवीयता का अंत (The End of Bipolarity)  Topic 1 — सोवियत व्यवस्था सोवियत संघ की राजनीतिक एवं आर्थिक संरचना। एकदलीय व्यवस्था और योजनाबद्ध अर्थव्यवस्था। सोवियत प्रणाली की उपलब्धियाँ एवं सीमाएँ। Topic 2 — सोवियत संघ का विघटन मिखाइल गोर्बाचेव के सुधार। ग्लासनोस्त एवं पेरेस्त्रोइका। विघटन के आंतरिक एवं बाह्य कारण। वर्ष 1991 में सोवियत संघ का विघटन। Topic 3 — विघटन के परिणाम द्विध्रुवीय विश्व व्यवस्था का अंत। नए स्वतंत्र राज्यों का उदय। शॉक थेरेपी एवं उसके परिणाम। रूस तथा मध्य एशिया का नया भू-राजनीतिक महत्व। Topic 4 — भारत–रूस संबंध ऐतिहासिक सहयोग। रक्षा एवं ऊर्जा संबंध। रणनीतिक साझेदारी।  
अध्याय 2. सत्ता के समकालीन केंद्र (Contemporary Centres of Power)  Topic 1 — यूरोपीय संघ यूरोपीय एकीकरण का विकास। यूरोपीय संघ की राजनीतिक एवं आर्थिक भूमिका। यूरोपीय संघ की संस्थागत संरचना। Topic 2 — आसियान (ASEAN) स्थापना एवं उद्देश्य। क्षेत्रीय आर्थिक सहयोग। आसियान की राजनीतिक भूमिका। भारत की एक्ट ईस्ट नीति से संबंध। Topic 3 — चीन का उदय आर्थिक सुधार। वैश्विक व्यापार में चीन की भूमिका। चीन की बढ़ती भू-राजनीतिक शक्ति। भारत–चीन संबंध। Topic 4 — पूर्वी एशिया के अन्य शक्ति केंद्र जापान का आर्थिक एवं तकनीकी प्रभाव। दक्षिण कोरिया का आर्थिक उदय। क्षेत्रीय शक्ति संतुलन।  
अध्याय 3. समकालीन दक्षिण एशिया (Contemporary South Asia)  Topic 1 — दक्षिण एशिया की अवधारणा दक्षिण एशिया का भू-राजनीतिक महत्व। साझा इतिहास, संस्कृति एवं आर्थिक संबंध। Topic 2 — दक्षिण एशिया में लोकतंत्र पाकिस्तान में सैन्य एवं नागरिक शासन। बांग्लादेश की राजनीतिक यात्रा। नेपाल में राजतंत्र से लोकतंत्र तक परिवर्तन। श्रीलंका में जातीय संघर्ष एवं लोकतंत्र। Topic 3 — भारत के पड़ोसी देशों से संबंध भारत–पाकिस्तान संबंध। भारत–बांग्लादेश संबंध। भारत–नेपाल संबंध। भारत–श्रीलंका संबंध। Topic 4 — क्षेत्रीय सहयोग सार्क (SAARC)। सहयोग में बाधाएँ। दक्षिण एशिया में शांति एवं विकास।  
अध्याय 4. अंतरराष्ट्रीय संगठन (International Organisations)  Topic 1 — अंतरराष्ट्रीय संगठनों की आवश्यकता वैश्विक सहयोग। शांति एवं सुरक्षा। सामूहिक समस्याओं का समाधान। Topic 2 — संयुक्त राष्ट्र स्थापना एवं उद्देश्य। महासभा। सुरक्षा परिषद। आर्थिक एवं सामाजिक परिषद। अंतरराष्ट्रीय न्यायालय। सचिवालय। Topic 3 — संयुक्त राष्ट्र में सुधार सुरक्षा परिषद की संरचना। स्थायी एवं अस्थायी सदस्य। वीटो शक्ति। भारत की स्थायी सदस्यता की दावेदारी। Topic 4 — अन्य अंतरराष्ट्रीय संस्थाएँ अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष। विश्व बैंक। विश्व व्यापार संगठन। अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी। मानवाधिकार तथा मानवीय सहायता संस्थाएँ।  
अध्याय 5. समकालीन विश्व में सुरक्षा (Security in the Contemporary World)  Topic 1 — सुरक्षा की अवधारणा सुरक्षा का अर्थ। राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा। पारंपरिक एवं गैर-पारंपरिक खतरे। Topic 2 — पारंपरिक सुरक्षा बाहरी सैन्य खतरे। शक्ति संतुलन। गठबंधन तथा सामूहिक सुरक्षा। निरस्त्रीकरण एवं हथियार नियंत्रण। Topic 3 — गैर–पारंपरिक सुरक्षा आतंकवाद। मानव सुरक्षा। महामारी एवं स्वास्थ्य संकट। गरीबी तथा विस्थापन। पर्यावरणीय संकट। Topic 4 — सहकारी सुरक्षा अंतरराष्ट्रीय सहयोग। विश्वास निर्माण के उपाय। सुरक्षा में अंतरराष्ट्रीय संगठनों की भूमिका।  
अध्याय 6. पर्यावरण और प्राकृतिक संसाधन (Environment and Natural Resources)  Topic 1 — पर्यावरणीय राजनीति पर्यावरणीय समस्याओं का वैश्वीकरण। जलवायु परिवर्तन। वैश्विक साझी संपदा (Global Commons)। पर्यावरण संरक्षण का राजनीतिक महत्व। Topic 2 — अंतरराष्ट्रीय पर्यावरण सहयोग पर्यावरणीय अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन। साझा किंतु विभेदित उत्तरदायित्व (CBDR)। विकसित एवं विकासशील देशों के बीच मतभेद। Topic 3 — प्राकृतिक संसाधनों की भू–राजनीति तेल एवं ऊर्जा संसाधन। जल संसाधन। समुद्री संसाधन। संसाधन नियंत्रण एवं संघर्ष। Topic 4 — भारत और पर्यावरण भारत की पर्यावरणीय नीतियों की पृष्ठभूमि। सतत विकास। पर्यावरणीय न्याय एवं वैश्विक उत्तरदायित्व।
अध्याय 7. वैश्वीकरण (Globalisation)  Topic 1 — वैश्वीकरण की अवधारणा वैश्वीकरण का अर्थ। आर्थिक, राजनीतिक एवं सांस्कृतिक आयाम। वैश्वीकरण के प्रमुख प्रेरक तत्व। Topic 2 — आर्थिक वैश्वीकरण मुक्त व्यापार। पूँजी और निवेश का प्रवाह। बहुराष्ट्रीय कंपनियाँ। अंतरराष्ट्रीय आर्थिक संस्थाएँ। Topic 3 — राजनीतिक एवं सांस्कृतिक प्रभाव राष्ट्र-राज्य की भूमिका में परिवर्तन। संप्रभुता और वैश्विक परस्पर निर्भरता। सांस्कृतिक आदान-प्रदान एवं पहचान। Topic 4 — वैश्वीकरण पर विमर्श वैश्वीकरण के पक्ष एवं विपक्ष में तर्क। वैश्विक असमानता। वैश्वीकरण-विरोधी आंदोलन। भारत एवं वैश्वीकरण।  
स्वतंत्र भारत में राजनीति
अध्याय 1. राष्ट्र–निर्माण की चुनौतियाँ (Challenges of Nation-Building)  Topic 1 — स्वतंत्रता और विभाजन वर्ष 1947 में स्वतंत्रता एवं विभाजन। विभाजन के सामाजिक तथा राजनीतिक परिणाम। शरणार्थियों का पुनर्वास। Topic 2 — रियासतों का एकीकरण रियासतों का भारतीय संघ में विलय। सरदार वल्लभभाई पटेल की भूमिका। हैदराबाद, जूनागढ़ एवं कश्मीर से जुड़े प्रश्न। Topic 3 — राज्यों का पुनर्गठन भाषायी राज्यों की माँग। राज्य पुनर्गठन आयोग। राज्य पुनर्गठन अधिनियम, 1956। राष्ट्रीय एकता एवं क्षेत्रीय पहचान।  
अध्याय 2. एक–दलीय प्रभुत्व का दौर (Era of One-Party Dominance)  Topic 1 — प्रारंभिक आम चुनाव 1951–52 का पहला आम चुनाव। लोकतांत्रिक संस्थाओं की स्थापना। वयस्क मताधिकार का प्रयोग। Topic 2 — कांग्रेस का प्रभुत्व कांग्रेस की संगठनात्मक स्थिति। कांग्रेस एक व्यापक सामाजिक गठबंधन के रूप में। कांग्रेस प्रभुत्व की विशेषताएँ। Topic 3 — विपक्षी दल समाजवादी दल। भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी। भारतीय जनसंघ। स्वतंत्र पार्टी और अन्य राजनीतिक धाराएँ। Topic 4 — लोकतंत्र और एकदलीय प्रभुत्व एकदलीय प्रभुत्व तथा एकदलीय व्यवस्था में अंतर। लोकतांत्रिक प्रतिस्पर्धा। विपक्ष का महत्व।  
अध्याय 3. नियोजित विकास की राजनीति (Politics of Planned Development)  Topic 1 — विकास की अवधारणा स्वतंत्रता के बाद आर्थिक विकास के लक्ष्य। राज्य एवं बाजार की भूमिका। आर्थिक नियोजन की आवश्यकता। Topic 2 — नियोजन संस्थाएँ योजना आयोग की स्थापना। पंचवर्षीय योजनाओं की पृष्ठभूमि। सार्वजनिक एवं निजी क्षेत्र। Topic 3 — विकास के मॉडल औद्योगीकरण। कृषि विकास। सार्वजनिक क्षेत्र पर बल। विकास संबंधी वैचारिक मतभेद। Topic 4 — योजना और राजनीति विकास प्राथमिकताओं पर बहस। कृषि बनाम उद्योग। विकास के सामाजिक परिणाम।
अध्याय 4. भारत के विदेश संबंध (India’s External Relations)  Topic 1 — भारतीय विदेश नीति स्वतंत्र विदेश नीति। राष्ट्रीय हित एवं रणनीतिक स्वायत्तता। शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व। गुटनिरपेक्षता। Topic 2 — भारत और महाशक्तियाँ शीतयुद्ध की पृष्ठभूमि। भारत–सोवियत संघ संबंध। भारत–अमेरिका संबंध। Topic 3 — पड़ोसी देशों से संबंध भारत–चीन संबंध एवं 1962 का युद्ध। भारत–पाकिस्तान संघर्ष। 1971 का युद्ध तथा बांग्लादेश का निर्माण। Topic 4 — परमाणु नीति भारत का परमाणु कार्यक्रम। निरस्त्रीकरण की नीति। राष्ट्रीय सुरक्षा और परमाणु विकल्प।  
अध्याय 5. कांग्रेस प्रणाली: चुनौतियाँ और पुनर्स्थापना (Challenges to and Restoration of the Congress System)  Topic 1 — नेतृत्व परिवर्तन जवाहरलाल नेहरू के बाद राजनीतिक परिवर्तन। लाल बहादुर शास्त्री एवं इंदिरा गांधी का उदय। Topic 2 — 1967 के चुनाव कांग्रेस के प्रभुत्व को चुनौती। गैर-कांग्रेसवाद। राज्यों में गठबंधन सरकारों का उदय। Topic 3 — कांग्रेस में विभाजन संगठनात्मक एवं नेतृत्व संबंधी संघर्ष। 1969 में कांग्रेस विभाजन। दल के भीतर सत्ता-संघर्ष। Topic 4 — कांग्रेस का पुनरुत्थान 1971 का आम चुनाव। गरीबी हटाओ का नारा। कांग्रेस की राजनीतिक पुनर्स्थापना।  
अध्याय 6. लोकतांत्रिक व्यवस्था का संकट (The Crisis of Democratic Order)  Topic 1 — संकट की पृष्ठभूमि आर्थिक एवं राजनीतिक असंतोष। गुजरात का नवनिर्माण आंदोलन। बिहार आंदोलन एवं जयप्रकाश नारायण। सरकार और विपक्ष के बीच संघर्ष। Topic 2 — आपातकाल 25 जून 1975 को राष्ट्रीय आपातकाल की उद्घोषणा। मौलिक अधिकारों एवं नागरिक स्वतंत्रताओं पर प्रभाव। प्रेस सेंसरशिप। सत्ता का केंद्रीकरण। Topic 3 — आपातकाल का विरोध विपक्षी दलों की भूमिका। लोकतांत्रिक प्रतिरोध। नागरिक स्वतंत्रताओं के प्रश्न। Topic 4 — 1977 के चुनाव जनता पार्टी का गठन। कांग्रेस की पराजय। सत्ता का लोकतांत्रिक हस्तांतरण। आपातकाल से प्राप्त सीख।  
अध्याय 7. क्षेत्रीय आकांक्षाएँ (Regional Aspirations)  Topic 1 — क्षेत्रीयता की अवधारणा क्षेत्रीय पहचान। राष्ट्रीय एकता एवं विविधता। क्षेत्रीय आकांक्षाओं का लोकतांत्रिक समाधान। Topic 2 — जम्मू–कश्मीर ऐतिहासिक एवं राजनीतिक पृष्ठभूमि। आंतरिक एवं बाह्य संघर्ष के आयाम। संवैधानिक एवं राजनीतिक परिवर्तन। Topic 3 — पंजाब क्षेत्रीय एवं धार्मिक पहचान। पंजाब में राजनीतिक संकट। हिंसा एवं शांति प्रक्रिया। Topic 4 — पूर्वोत्तर भारत स्वायत्तता की माँगें। अलगाववादी आंदोलन। बाहरी लोगों के विरुद्ध आंदोलन। राष्ट्रीय एकीकरण की चुनौतियाँ।  
अध्याय 8. भारतीय राजनीति में नए बदलाव (Recent Developments in Indian Politics)  Topic 1 — 1989 के बाद भारतीय राजनीति कांग्रेस प्रभुत्व का क्षय। गठबंधन राजनीति का उदय। राष्ट्रीय एवं क्षेत्रीय दलों की बदलती भूमिका। Topic 2 — पिछड़े वर्गों का राजनीतिक उदय मंडल आयोग। आरक्षण संबंधी राजनीति। सामाजिक न्याय एवं प्रतिनिधित्व। Topic 3 — सांप्रदायिकता और धर्मनिरपेक्षता अयोध्या विवाद। पहचान आधारित राजनीति। धर्मनिरपेक्ष लोकतंत्र की चुनौतियाँ। Topic 4 — राजनीतिक दल एवं गठबंधन जनता दल और भारतीय जनता पार्टी का उदय। संयुक्त मोर्चा, एनडीए एवं यूपीए। क्षेत्रीय दलों का राष्ट्रीय राजनीति पर प्रभाव। Topic 5 — बदलती राजनीतिक सहमति आर्थिक नीतियों पर सहमति के क्षेत्र। गठबंधन युग में लोकतंत्र। भारतीय राजनीति की बदलती प्रवृत्तियाँ।

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